Adulteration in Mustard oil - सरसों तेल में मिलावट

बासी तेल की जाँच (Detection of Rancid Oil)



Rancid तेल : पुराना तेल जिसमें से बदबू आने लगे और टेस्ट ख़राब हो जाये या सरसों के तेल की तरह महक न आये

दुष्प्रभाव : Rancid तेल खाने से शरीर के अंदर फ्री रेडिकल बनते हैं जिनसे सेलुलर डैमेज होता है, जोकि मधूमेह , अल्ज़िमर जैसी बीमारिया को जन्म देता है, इसके अलावा Rancid तेल खाने से पाचनतंत्र ख़राब होता है और शरीर में मौजूद विटामिन बी , ई को नस्ट हो जाते है।

जाँच प्रक्रिया :
  • एक परखनली में एक चम्मच तेल लें 
  • उसमें 5 ml -6 N हाइड्रोक्लोरिक एसिड (HCL) डाल के ३० सेकण्ड तक हिलाये 
  • फिर मिश्रण में 0.1 % फोरोग्लुसीनाल ईथर सोलुशन मिलाये और ३० सेकण्ड तक मिश्रित करें 
  • 10 मिनट के लिए छोड़ दें 
  • यदि निचली परत (एसिड की परत ) में गुलाबी या लाल रंग दिखायी दे तो तेल rancid हैं
  • रिफरेन्स : अग्गमार्क 
Detection of Added Color in Oils 
( रंग मिले हुए तेल की जाँच )
Added color

मिला हुआ रंग : मिला हुआ रंग सिंथेटिक या प्राकृतिक भी हो सकता है जैसे - बटर येलो , क्रेस ऑरेन्ज GN , सूडान IV , ग्रेस येलो GRN इत्यादि

दुष्प्रभाव : कैंसर और दिमागी बीमारी हो सकती है

जाँच प्रक्रिया :


  • लगभग २ ग्राम तेल, कोनिकल फ्लास्क में ले 
  • उसमें 50 ml हेक्सेन डालकर 10 मिनट तक हिलाये 
  • मिश्रण को फ़िल्टर पेपर से छाने , 
  • छाने हुए मिश्रण को वाटर बाथ पर 10 ml होने तक कंसन्ट्रेट करे 
  • कंसन्ट्रेट का एक भाग ले और उसमे उतना हि  13 N ईथर सुल्फुरिक एसिड या कॉन्सेंट्रेटेड HCL मिलाये 
  • यदि एसिड की परत या पूरे मिश्रण का कलर बदलता है या गुलाबी , लाल , बैगनी आता है तो तेल में रंग मिलाया गया है।

  • रिफरेन्स : IS 548 पार्ट 2

Detection of Argemone oil in Mustard oil 
( सत्यानाशी तेल की जाँच )

सत्यानाशी का तेल : सरसों के बीज साथ सत्यानाशी का भी बीज मिला होता है जो तेल निकलते समय अलग नहीं किये जाने की वजह से सरसों के तेल में मिक्स हो जाता है। सत्यानाशी का बीज दिखने में बिल्कुल राई की तरह होता है।

मिलावट का कारण : अज्ञानता, श्रम की बचत

दुष्प्रभाव :  सत्यानाशी के बीज में सैंगुइनारिन (Sangunarine) और डाई हाइड्रो सैंगुइनारिन नाम के बहोत ही जहरीले केमिकल होते है जिनसे गर्भपात , एपिडेमिक ड्रोप्सी , ग्लूकोमा , हार्ट अटैच , ब्लाइंडनेस , फेफड़ो का बड़ा होना और कैंसर जैसी बीमारिया होती है।
एपीडेमिक ड्रोप्सी 

जाँच प्रक्रिया :

  • एक परखनली में 5ML सरसों का तेल ले 
  • उसमे 5 मिलीलीटर नाइट्रिक एसिड (HNO3) डालकर सावधानी पूर्वक हिलाये
  • यदि निचली परत में ऑरेंज -येलो , क्रिप्शन कलर आये तो सरसों के तेल में सत्यानाशी का तेल मिला हुआ है। 
रिफरेन्स : http://agmarnet.nic.in/adulterant.htm

Check the Adulteration of Castor Oil in Mustard Oil 
(अरण्डी तेल की मिलावट सरसों के तेल में)

अरण्डी का तेल : अरण्डी के बीज से निकला गया तेल।

मिलाने का कारण : सरसों के तेल से सस्ता होना।

दुष्प्रभाव : पेट की बीमारी , अपेंडिक्स, डायरिया, वोमेटिंग

जाँच प्रक्रिया : 

  • 1 मिलीलीटर तेल एक परखनली में ले और उसमे 10 मिलीलीटर एसिडिफ़िएड पेट्रोलियम ईथर डाले। 
  • 2 मिनट हिलाने के बाद उसमे एक ड्राप मॉलिब्डेट (molybdate) डाले। 
  • तुरंत ही यदि Turbidity आ जाये तो उसमे अरण्डी का तेल मिला हुआ है।

रिफरेन्स : इंडियन स्टैण्डर्ड 548 (पार्ट -2 )

कॉटन सीड तेल की मिलावट सरसों के तेल में 
(Detection of cottonseed oil in Mustard oil)

कॉटन सीड तेल : कॉटन सीड से निकलने वाला तेल।

मिलाने का कारण : सरसों के तेल से सस्ता होता है ज्यादा पैसा कमाने के लिए व्यापारी मिलाते है।

दुष्प्रभाव : मोटापा बढ़ना , पेट की खराबी।


जाँच प्रक्रिया :
  • एक परखनली में 3 ml सरसों का तेल और 2 ml आमयल अल्कोहल मिलाये। 
  • फिर 1 ml कार्बन डाई - सल्फाइड और लगभग 10 mg सल्फर मिलाये। 
  • ३ मिनट तक स्प्रिट लैंप पर गर्म करे। 
  • यदि लाल रंग आये तो कॉटन सीड तेल मिला हुआ है। 
रिफरेन्स : FSSAI INSTRUCTION MANUAL PART II